क़ायदे वफ़ाक़ हज़रत मौलाना क़ारी हनीफ़ जालंधरी साहब की अपने...
Ummah Post
17 March, 2025

क़ायदे वफ़ाक़ हज़रत मौलाना क़ारी हनीफ़ जालंधरी साहब की अपने इदारे (संस्थान) के सालाना इज्तिमा (वार्षिक सभा) में क़ायदे जमीअत मौलाना फ़ज़लुर रहमान साहब, शाहीन-ए-ख़त्मे नबुव्वत हज़रत मौलाना अल्लाह वसाया साहब, हज़रत शेख़ मुफ्ती मोहम्मद हसन साहब की मौजूदगी में गुस्ताख़ान-ए-रसूल (रसूल की शान में गुस्ताख़ी करने वालों) और उनके हिमायतियों के ख़िलाफ़ अहम क़रारदाद (प्रस्ताव) पेश।

Share this article
आज़माइशों के पीछे छिपी ईश्वरीय हिकमत: मौलाना रूमी का एक ख़ूबसूरत सबक़
लेख

आज़माइशों के पीछे छिपी ईश्वरीय हिकमत: मौलाना रूमी का एक ख़ूबसूरत सबक़

एक दिन मौलाना रूमी (रहमतुल्लाह अलैह) अपने घर तशरीफ़ ले गए और देखा कि उनका बेटा उदास बैठा है। उन्होंने दरयाफ़्त किया (पूछा) कि "बेटा, उदास क्यों हो?" तो बेटे ने जवाब दिया, "कुछ नहीं।" इस पर मौलाना रूमी (रहमतुल्लाह अलैह) बाहर गए और एक भेड़िये की खाल ओढ़कर आए और डराने के लिए गुर्राने लगे। इस पर उनका...