"बहुत आसान है दूसरों की ज़िंदगी को 'आसान' समझ लेना, क्योंकि...
Ummah Post
21 August, 2025

"बहुत आसान है दूसरों की ज़िंदगी को 'आसान' समझ लेना, क्योंकि वो हमें जीनी तो नहीं पड़ती!

नर्मी (दयालुता) से पेश आएं...

कौन सा दिल कितना थका हुआ है, यह ऊपर से नज़र नहीं आता...💔"

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सच्चे मौलवी (अल्लाह वाले) की पहचान
लेख

सच्चे मौलवी (अल्लाह वाले) की पहचान

अगर किसी ख़ैमे (तंबू) पर लिखा हो 'ख़ैमा-ए-लैला' (लैला का तंबू) लेकिन उसमें झाँक कर देखा तो अंदर कुत्ता बँधा हुआ है, तो उस ख़ैमे की कोई क़द्र नहीं होगी बल्कि लोग मज़ाक उड़ाएंगे। इसी तरह मौलवी वह है जो 'मौला' (अल्लाह) वाला हो। उसके ख़ैमे से मौला की ख़ुशबू मिलनी चाहिए, यानी उसकी सोहबत (संगति) में अल...