"ऐ नौजवानों! आख़िरत को अपने ऊपर लाज़िम (अनिवार्य) कर लो। हमन...
Ummah Post
26 August, 2025

"ऐ नौजवानों! आख़िरत को अपने ऊपर लाज़िम (अनिवार्य) कर लो। हमने ऐसे तो बहुत देखे जिन्होंने आख़िरत को चाहा और साथ में उन्हें दुनिया भी नसीब हो गई, लेकिन ऐसा कोई एक भी न देखा जिसने दुनिया को चाहा हो और उसके साथ उसे आख़िरत भी मिल गई हो।"

- हसन बसरी (रहमतुल्लाही अलैहि)

[अल-वसाया अस्-सलफ़ लिश्-शबाब - अख़रज़हु अल-बैहक़ी फ़ी अज़-ज़ुहद: 12]

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नबी करीम ﷺ विभिन्न सामाजिक रूपों में (पति, पिता, भाई, नाना, बेटा, ससुर और भतीजे के रूप में)
लेख

नबी करीम ﷺ विभिन्न सामाजिक रूपों में (पति, पिता, भाई, नाना, बेटा, ससुर और भतीजे के रूप में)

नबी करीम ﷺ पति के रूप में (बतौर शौहर): नबी करीम ﷺ अपने परिवार के साथ बहुत ही मोहब्बत से पेश आते थे। आपने इर्शाद फ़रमाया: "मैं तुममें से अपने परिवार के लिए सबसे बेहतर हूँ।" एक मर्तबा आप अपने घर तशरीफ़ लाए, उस वक़्त सैयदा आयशा (रज़ियल्लाहु अन्हा) प्याले में पानी पी रही थीं... आपने दूर से फ़रमाया, "हु...