*मैं यह नहीं कहता कि मेरा सर न मिलेगा,* 
*लेकिन मेरी आँखों...
Ummah Post
26 October, 2024

*मैं यह नहीं कहता कि मेरा सर न मिलेगा,*

*लेकिन मेरी आँखों में तुझे डर न मिलेगा।*

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शेख अबू हाज़िम की हक़-गोई और सुलेमान बिन अब्दुल मलिक का रो पड़ना
लेख

शेख अबू हाज़िम की हक़-गोई और सुलेमान बिन अब्दुल मलिक का रो पड़ना

सुलेमान बिन अब्दुल मलिक, जो बनू उमय्या का बादशाह था, ने एक मर्तबा शैख़-उल-हदीस अबू हाज़िम (रहमतुल्लाह अलैह) से दरयाफ़्त (पूछा) किया कि इसकी क्या वजह है कि हम लोग दुनिया को पसंद और आख़िरत को नापसंद करते हैं? आपने बरजस्ता (तुरंत) जवाब दिया, "क्योंकि तुम लोगों ने अपनी दुनिया को आबाद किया और अपनी आख़िरत को...