"जब तक कोई औरत अपने बच्चों को इस्लाम का सही अक़ीदा (विश्वास)...
Ummah Post
14 November, 2024

"जब तक कोई औरत अपने बच्चों को इस्लाम का सही अक़ीदा (विश्वास) और मोहब्बत नहीं सिखाएगी, ये बच्चे दीन (धर्म) की ख़ातिर कभी कोई बड़ा काम नहीं कर सकेंगे। अगर कोई माँ चाहती है कि उसका बच्चा इस्लाम के लिए अज़ीम (महान) काम करे और फ़ातेहीन (विजेताओं) में शामिल हो, तो उसे चाहिए कि बच्चे को छोटी उम्र से ही इस्लाम और उसके दीन से मोहब्बत करना सिखाए, क्योंकि बच्चे माता-पिता के कामों से सीखते हैं।" 🥀👆

Share this article
काष हम भी ऐसे मुसलमान बन जाएं
लेख

काष हम भी ऐसे मुसलमान बन जाएं

अल्जीरिया से ताल्लुक रखने वाली नामी और अरब दुनिया की सबसे मक़बूल (लोकप्रिय) एंकर और पत्रकार ख़दीजा बिन्त क़ुन्हा अपने दौरा-ए-अमेरिका (अमेरिका यात्रा) के बारे में बताती हैं कि वह एक सुपरस्टोर में शॉपिंग के बाद काउंटर पर भुगतान (पेमेंट) के लिए अपनी बारी का इंतज़ार कर रही थीं कि इसी दौरान एक बाहिजाब (ह...