वडोदरा के चार दरवाज़ा इलाके की डाला पटेल पोल में एक बंद घर से एक ही परिवार के तीन सदस्यों के शव मिले हैं। पुलिस के मुताबिक यह आत्महत्या का मामला है। मृतकों की पहचान 50 वर्षीय आरतीबेन सोनी, उनके 23 वर्षीय बेटे नीलकंठ सोनी और 20 वर्षीय बेटी झलक सोनी के रूप में हुई है।
कैसे खुला मामला?
पिछले दो दिनों से तीनों को घर से बाहर निकलते नहीं देखा गया था और घर लगातार अंदर से बंद था। शक होने पर पड़ोसियों ने रिश्तेदारों को बताया, जिन्होंने बुधवार (28 अक्टूबर) को पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। रिश्तेदार और कारोबारी साझेदार केतन शाह ने दरवाजा खोला तो अंदर का दृश्य देखकर वे स्तब्ध रह गए।
पुलिस ने क्या बताया?
DCP एंड्रयू मैकवान के अनुसार, इमारत में तीनों मृत पाए गए।
ACP जी.बी. बामनिया ने बताया कि घर से सुसाइड नोट मिला है, जिसकी लिखावट मां आरतीबेन की है। नोट में आर्थिक तंगी का जिक्र है, और 33 लाख रुपये के कर्ज की बात भी लिखी है।
बच्चों का लिखा एक और नोट मिला है, जिसमें कहा गया है कि पिता की मौत के बाद आरतीबेन डिप्रेशन से जूझ रही थीं और कर्ज के कारण बच्चे भी तनाव में थे।
तीनों के मोबाइल फोन जांच के लिए FSL भेजे गए हैं।
परिवार की पृष्ठभूमि
एक साल पहले परिवार के मुखिया चेतनभाई सोनी का हार्ट अटैक से निधन हो गया था। इसके बाद कनाडा में पढ़ाई कर रहे बेटे नीलकंठ वडोदरा लौट आए और जूना पादरा रोड पर परिवार का आयुर्वेदिक दवाओं का कारोबार संभाल रहे थे।
रिश्तेदार हैरान
केतन शाह के मुताबिक कारोबार में वित्तीय समस्या की कोई जानकारी नहीं थी और उन्होंने कभी हिसाब तक नहीं मांगा। रिश्तेदार हितेशभाई सोनी ने कहा कि उन्होंने "सपने में भी नहीं सोचा था" कि ऐसा होगा। उन्हें हाल ही में पता चला था कि परिवार ने किराए पर फ्लैट लिया है।
अगर आप या आपका कोई जानने वाला तनाव या निराशा से गुजर रहा है, तो अकेले न रहें। भारत सरकार की 'जीवन आस्था' हेल्पलाइन 18002333330 पर मदद ले सकते हैं और अपने करीबियों से बात जरूर करें।