1 नवंबर 2026 को रामलीला मैदान में INDIA ब्लॉक की 'चलो दिल्ली' रैली से पहले पूरी सेंट्रल दिल्ली में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। विपक्षी गठबंधन चुनाव आयोग की वोटर लिस्ट के SIR में कथित गड़बड़ियों के विरोध में यह प्रदर्शन कर रहा है।
कौन-कौन होंगे शामिल?
राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, तृणमूल कांग्रेस नेता ममता बनर्जी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव समेत कई बड़े विपक्षी नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है। राजनीतिक कार्यकर्ता, छात्र संगठन और सिविल सोसाइटी के प्रतिनिधि भी जुट सकते हैं।
सुरक्षा के इंतजाम
पुलिस बल: मार्च के रास्ते और रैली स्थल के आसपास 4000 से ज्यादा पुलिसकर्मियों के साथ केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) तैनात रहेंगे।
14 सुरक्षा जोन: रामलीला मैदान को 14 जोन में बांटा गया है, जिनमें से हर एक की निगरानी ACP रैंक का अधिकारी करेगा।
संभावित भीड़: पुलिस के अनुमान के मुताबिक करीब 40,000 से 50,000 लोग शामिल हो सकते हैं।
चप्पे-चप्पे पर निगरानी
भीड़ पर नजर रखने के लिए 200 से ज्यादा CCTV कैमरे, ड्रोन और बॉडी-वर्न कैमरे इस्तेमाल होंगे। कार्यक्रम स्थल के अंदर एक स्पेशल कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। रामलीला मैदान के आसपास की सड़कें घेरी जा सकती हैं, लेकिन पैदल चलने वालों के लिए रास्ता खुला रहेगा।
मार्च का रूट
मार्च कनॉट प्लेस से शुरू होकर मिंटो रोड जंक्शन और अजमेरी गेट होते हुए रामलीला मैदान पहुंचेगा।
ट्रैफिक पाबंदियां: सुबह 10 से शाम 5 बजे तक
डायवर्जन: दिल्ली गेट, ITO, राजघाट, अजमेरी गेट, झंडेवालान और तुर्कमान गेट समेत 10 जगहों पर रास्ता बदला जा सकता है।
ट्रैफिक पुलिस: सेंट्रल दिल्ली में अतिरिक्त ट्रैफिक पुलिसकर्मी तैनात हैं।
पार्किंग: मेट्रो और रेलवे स्टेशनों के पास पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
सलाह: घर से निकलने से पहले ट्रैफिक एडवाइजरी जरूर देख लें।